Popular:
ऋग्वेद

Mandal 10 • Sukta 108 • Mantra / Rik 11

Rigveda (ऋग्वेद)

ऋग्वेद • मण्डल 10 • सूक्त 108 • ऋचा / मन्त्र 11

10.108.11

Mantra ID: 10.108.11

दू॒रमि॑त पणयो॒ वरी॑य॒ उद्गावो॑ यन्तु मिन॒तीरृ॒तेन॑ । बृह॒स्पति॒र्या अवि॑न्द॒न्निगू॑ळ्हाः॒ सोमो॒ ग्रावा॑ण॒ ऋष॑यश्च॒ विप्राः॑ ॥ (११)

卐

HinduText AI से इस वैदिक मन्त्र का अर्थ समझें

ऋग्वेद मन्त्र 10.108.11 का विस्तृत भावार्थ एवं वैदिक रहस्य

卐 AI से समझें

हि हिन्दी अनुवाद (Hindi Translation)

हे पणियो! तुम इस स्थान से दूर भाग जाओ. घेरने वाले पर्वत को टक्करें मारती हुई गाएं इस सत्याश्रित पर्वत से लौट जावें. बृहस्पति, सोम, पत्थर, ऋषि एवं ब्राह्मण इस गुप्त स्थान को जान गए हैं.” (११)

EN English Translation

This is Panio! You run away from this place. Hit the encircling mountain and sing and return from this satyashrita mountain. Jupiter, Som, Stone, Sage and Brahmin have come to know this secret place." (11)

卐 HinduText AI