सम्पूर्ण मंत्र संग्रह (Mantra Sangrah)
श्री गणेश, शिव, महामृत्युंजय, गायत्री, दुर्गा, हनुमान, लक्ष्मी, विष्णु, सरस्वती सहित समस्त 17 प्रमुख देवी-देवताओं के सिद्ध वैदिक मंत्र, बीज मंत्र, जप विधि एवं सरल हिंदी भावार्थ।
श्री गणेश मंत्र संग्रह
Shree Ganesh Mantra Sangrah
प्रथम पूज्य, बुद्धिदाता एवं समस्त विघ्नों का नाश करने वाले भगवान श्री गणेश के सिद्ध एवं चमत्कारी मंत्र। किसी भी शुभ कार्य, पूजा अथवा अध्ययन से पूर्व इनका जप परम कल्याणकारी है।
श्री शिव मंत्र संग्रह
Shree Shiv Mantra Sangrah
देवों के देव महादेव भगवान शिव के परम कल्याणकारी महामंत्र, जिनमें अकाल मृत्यु नाशक महामृत्युंजय मंत्र एवं मोक्ष प्रदाता पंचाक्षरी मंत्र सम्मिलित हैं।
माँ दुर्गा मंत्र संग्रह
Maa Durga Mantra Sangrah
सकल ब्रह्मांड की जननी और दुष्ट संहारिणी पराम्बा माँ दुर्गा के अमोघ मंत्र, जो भय, असुरक्षा, नकारात्मक ऊर्जा और शत्रुओं का शमन कर विजय प्रदान करते हैं।
श्री हनुमान मंत्र संग्रह
Shree Hanuman Mantra Sangrah
पवनपुत्र, संकटमोचन श्री हनुमान जी के सिद्ध मंत्र, जो भय, रोग, पीड़ा, भूत-पिशाच बाधा और घोर संकटों को तत्काल दूर कर असीम बल और आत्मविश्वास प्रदान करते हैं।
माँ सरस्वती मंत्र संग्रह
Maa Saraswati Mantra Sangrah
ज्ञान, विद्या, बुद्धि, कला और मधुर वाणी की अधिष्ठात्री भगवती माँ सरस्वती के पावन मंत्र। विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं, कलाकारों और साधकों के लिए यह परम कल्याणकारी हैं।
श्री शनि मंत्र संग्रह
Shree Shani Mantra Sangrah
न्यायाधीश, कर्मफल प्रदाता सूर्यपुत्र भगवान शनिदेव के सिद्ध मंत्र। साढ़ेसाती, ढैय्या अथवा शनि दोष की शांति तथा जीवन में अनुशासन व स्थिरता हेतु इनका पाठ अत्यंत फलदायी है।
भगवान सूर्य मंत्र संग्रह
Lord Surya Mantra Sangrah
प्रत्यक्ष देवता, अंधकार नाशक एवं समस्त जगत के प्राणदाता भगवान सूर्यदेव के सिद्ध मंत्र। इनके जप और अर्घ्य से ओज, तेज, निरोगी काया और राजसम्मान की प्राप्ति होती है।
भगवान विष्णु मंत्र संग्रह
Lord Vishnu Mantra Sangrah
सृष्टि के पालनकर्ता, क्षीरसागर शयन करने वाले चतुर्भुज भगवान श्री हरि विष्णु के पावन मंत्र, जो जीवन में धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष चारों पुरुषार्थ प्रदान करते हैं।
माँ गंगा मंत्र संग्रह
Maa Ganga Mantra Sangrah
भगवान शिव की जटाओं से अवतरित और समस्त पापों का प्रक्षालन करने वाली मोक्षदायिनी माँ गंगा के सिद्ध मंत्र। स्नान अथवा जल अर्पण के समय इनका स्मरण पापनाशक है।
गायत्री महामंत्र संग्रह
Gayatri Mahamantra Sangrah
वेदों की जननी, संपूर्ण सनातन धर्म का परम तेजस्वी महामंत्र। सूर्य सविता देव के दिव्य प्रकाश का ध्यान करते हुए सद्बुद्धि एवं आत्मज्ञान की प्राप्ति का सर्वश्रेष्ठ साधन।
श्री गुरु मंत्र संग्रह
Shree Guru Mantra Sangrah
अज्ञान के अंधकार से निकालकर ज्ञान के प्रकाश में ले जाने वाले सद्गुरु देव के पावन मंत्र। गुरु कृपा के बिना आत्मज्ञान और भवसागर से मुक्ति संभव नहीं है।
श्री कृष्ण मंत्र संग्रह
Shree Krishna Mantra Sangrah
पूर्ण पुरुषोत्तम, गीता के उपदेशक और प्रेम के सागर भगवान श्री कृष्ण के पावन मंत्र। मानसिक तनाव, गृह-क्लेश और भय को मिटाकर जीवन में असीम आनंद का संचार करते हैं।
माँ लक्ष्मी मंत्र संग्रह
Maa Lakshmi Mantra Sangrah
धन, ऐश्वर्य, वैभव और अष्ट सिद्धियों की अधिष्ठात्री भगवती माँ महालक्ष्मी के सिद्ध मंत्र। व्यापारिक वृद्धि, कर्ज मुक्ति और स्थायी धन लाभ के लिए परम फलदायी हैं।
प्रभु श्री राम मंत्र संग्रह
Lord Rama Mantra Sangrah
मर्यादा पुरुषोत्तम, भवसागर से पार उतारने वाले तारक स्वरूप प्रभु श्री राम के मंगलकारी मंत्र। मन का संयम, चरित्र बल, सुख-शांति और मोक्ष प्रदाता हैं।
माँ संतोषी माता मंत्र संग्रह
Maa Santoshi Mata Mantra Sangrah
गणपति पुत्री, सकल मनोरथ पूर्ण करने वाली और जीवन में संतोष व शांति प्रदान करने वाली माँ संतोषी के सिद्ध मंत्र। शुक्रवार व्रत के समय इनका जप अत्यंत फलदायी है।
श्री कुबेर मंत्र संग्रह
Shree Kuber Mantra Sangrah
समस्त देवों के कोषाध्यक्ष और यक्षराज धनपति कुबेर देव के सिद्ध धन प्रदायक मंत्र। तिजोरी, व्यापार और अचल संपत्ति में अपार वृद्धि हेतु अत्यंत लाभकारी हैं।
श्री धन्वंतरी मंत्र संग्रह
Shree Dhanvantari Mantra Sangrah
आयुर्वेद के आदि प्रवर्तक और समुद्र मंथन से अमृत कलश लेकर प्रकट हुए भगवान धन्वंतरी के सिद्ध आरोग्य प्रदायक मंत्र। समस्त शारीरिक व मानसिक रोगों के शमन हेतु अचूक हैं।