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सामवेद

Chapter / Prapathak 13 • Dashati / Sukta 6 • Mantra 3

Samaveda (सामवेद)

सामवेद • प्रपाठक / अध्याय 13 • दशती / सूक्त 6 • मन्त्र 3

13.6.3

Mantra ID: 13.6.3

त्वे विश्वे सजोषसो देवासः पीतिमाशत । मदेषु सर्वधा असि ॥ (३)

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सामवेद मन्त्र 13.6.3 का विस्तृत भावार्थ एवं वैदिक रहस्य

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हि हिन्दी अनुवाद (Hindi Translation)

हे सोम! सभी देवता आप को पीने के इच्छुक रहते हैं. प्रसन्नता देने वालों में आप सर्वश्रेष्ठ हैं. (३)

EN English Translation

O Mon! All gods are willing to drink to you. You are the best of the happy ones. (3)

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