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यजुर्वेद

Adhyaya 11 • Mantra 13

Yajurveda (यजुर्वेद)

यजुर्वेद • अध्याय 11 • मन्त्र 13

11.13

Mantra ID: 11.13

यु॒ञ्जाथा॒ रास॑भं यु॒वम॒स्मिन् यामे॑ वृषण्वसू । अ॒ग्निं भर॑न्तमस्म॒युम् ॥ (१३)

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यजुर्वेद मन्त्र 11.13 का विस्तृत भावार्थ एवं वैदिक रहस्य

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हि हिन्दी अनुवाद (Hindi Translation)

आप दोनों (पुरोहित और यजमान) पर लाभकारी धन बरसे. आप अग्नि को प्रज्वलित करने में समर्थ हैं. आप रासभ (प्रज्वलित अग्नि और मंत्र) को यज्ञ कार्य में जोड़ने की कृपा कीजिए. (१३)

EN English Translation

Beneficial money poured on both of you (priest and host). You are capable of igniting agni. Please add Rasabh (ignited agni and mantra) to the yajna work. (13)

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