Yajurveda Quick Jump
Navigate to any Adhyaya or Mantra
2.13
मनो॑ जू॒तिर्जु॑षता॒माज्य॑स्य॒ बृह॒स्पति॑र्य॒ज्ञमि॒मं त॑नो॒त्वरि॑ष्टं य॒ज्ञꣳ समि॒मं द॑धातु । विश्वे॑ दे॒वास॑ऽइ॒ह मा॑दयन्ता॒मो३म्प्रति॑ष्ठ ॥ (१३)
HinduText AI से इस वैदिक मन्त्र का अर्थ समझें
यजुर्वेद मन्त्र 2.13 का विस्तृत भावार्थ एवं वैदिक रहस्य
हि हिन्दी अनुवाद (Hindi Translation)
हे सविता! आप अपने वेगवान मन से घी का सेवन कीजिए, बृहस्पति देव इस यज्ञ का विस्तार करने व इस को धारण करने की कृपा करें.यह यज्ञ सभी देवताओं को आनंदित करने की कृपा करे. दोनों देव हमें प्रतिष्ठित करने की कृपा करें. (१३)
EN English Translation
O Savita! You should consume ghee with your fast mind, Jupiter Dev should be pleased to expand this yajna and wear it. May both gods please establish us. (13)