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अथर्ववेद

Kanda 8 • Sukta 7 • Mantra 20

Atharvaveda (अथर्ववेद)

अथर्ववेद • काण्ड 8 • सूक्त 7 • मन्त्र 20

8.7.20

Mantra ID: 8.7.20

अ॑श्व॒त्थो द॒र्भो वी॒रुधां॒ सोमो॒ राजा॒मृतं॑ ह॒विः । व्री॒हिर्यव॑श्च भेष॒जौ दि॒व॒स्पु॒त्रावम॑र्त्यौ ॥ (२०)

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अथर्ववेद मन्त्र 8.7.20 का विस्तृत भावार्थ एवं वैदिक रहस्य

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हि हिन्दी अनुवाद (Hindi Translation)

वृक्षों का गर्भ पीपल, राजा सोम और अमृत हवि हैं. धान और जौ नामक फसलें आकाश से होने वाली वर्षा से उत्पन्न होने के कारण आकाश की संतान तथा अमर हैं. (२०)

EN English Translation

The womb of the trees is Peepal, King Som and Amrit Havi. Crops called paddy and barley are the children of the sky and immortal due to the rain from the sky. (20)

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