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ऋग्वेद

Mandal 10 • Sukta 137 • Mantra / Rik 1

Rigveda (ऋग्वेद)

ऋग्वेद • मण्डल 10 • सूक्त 137 • ऋचा / मन्त्र 1

10.137.1

Mantra ID: 10.137.1

उ॒त दे॑वा॒ अव॑हितं॒ देवा॒ उन्न॑यथा॒ पुनः॑ । उ॒ताग॑श्च॒क्रुषं॑ देवा॒ देवा॑ जी॒वय॑था॒ पुनः॑ ॥ (१)

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ऋग्वेद मन्त्र 10.137.1 का विस्तृत भावार्थ एवं वैदिक रहस्य

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हि हिन्दी अनुवाद (Hindi Translation)

हे देवो! मुझ गिरे हुए को ऊपर उठाओ. मुझ पाप करने वाले की तुम रक्षा करो एवं मुझे चिरजीवी बनाओ. (१)

EN English Translation

Oh, God! Lift me up the fallen. Protect the one who sins me and make me eternal. (1)

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