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सामवेद

Chapter / Prapathak 8 • Dashati / Sukta 6 • Mantra 2

Samaveda (सामवेद)

सामवेद • प्रपाठक / अध्याय 8 • दशती / सूक्त 6 • मन्त्र 2

8.6.2

Mantra ID: 8.6.2

अभि द्रोणानि बभ्रवः शुक्रा ऋतस्य धारया । वाजं गोमन्तमक्षरन् ॥ (२)

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सामवेद मन्त्र 8.6.2 का विस्तृत भावार्थ एवं वैदिक रहस्य

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हि हिन्दी अनुवाद (Hindi Translation)

सोमरस चमकीला है. वह अपनी ऋत की धारा से भूरा सोम गाय के दूध में झरता है. वह शक्तिमान है. (२)

EN English Translation

Somerus is bright. He springs from his stream of rice in brown som cow's milk. He is powerful. (2)

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